Deja Vu in Hindi

दोस्तों आज हम बात करेंगे Deja Vu के विषय पर। What is Deja Vu? मुझे कई बार इस प्रकार का अनुभव हुआ हैं। बचपन में मैं इसे जब अनुभव करता था तब कुछ समज नहीं पाता था। यहाँ तक की ईसे क्या कहते हैं और इसका मतलब क्या होता हैं यह भी नहीं जानता था। मुझे लगता था की क्या सिर्फ मुझे ही ऐसा महसूस होता हैं? क्या दूसरे लोगो को भी ऐसा होता होगा? कुछ सालो बाद मुझे पता चला की यह सिर्फ में ही नहीं सब लोग महसूस करते हैं।

 

क्या हैं Déjà vu ?

Déjà vu क्या हैं और क्यों यह अनुभव होता हैं, आईये जानते हैं।
Déjà vu एक फ्रेंच शब्द हैं जिसका मतलब होता हैं “पहले से देखा हुआ”। जो लोग इसे महसूस करते हैं उन्हें लगता हैं की कोई भी चीज़ पहले भी हो चुकी हैं या पहले भी देखी हैं। वह नहीं जानते की ऐसा कब हुआ था या कब देखा था लेकिन दिमाग में इसे पहले भी कही देखे होने का अनुभव होता हैं।
 
For Example. आप भारत में कहीं किसी जगह पर घूमने गए हैं जहाँ पहले आप कभी नहीं गए। अचानक उस जगह पर जाते ही आप को ऐसा अनुभव होता हैं की में यहाँ पहले आ चूका हूँ। आसपास की सभी ईमारते,दुकाने और पेड़ो को देखकर आप को लगता हैं की Exactly यहीं चीज़े या परिस्थिति पहले भी देखी हैं या हो चुकी हैं। मान लीजिये आप अपने दोस्तों के साथ डिनर कर रहे हैं और आप का कोई दोस्त क्रिकेट के विषय पर बात करने लगता हैं। अचानक ही आप को लगता हैं की आप सब फ्रेंड्स के साथ पहले भी इसी होटल पे या जगह पर आए थे और तब भी हम लोग क्रिकेट की ही बात कर रहे थे। उस वक्त आसपास की होती हुई हर एक घटना या छोटी से छोटी बात भी आप को फिर से होती हुई महसूस होती हैं। यह अनुभव सिर्फ कुछ समय तक ही होता हैं। उसके बाद आप को पहले इसे देखा होने का अनुभव होना बंद हो जाता हैं।
 
यह एक जटिल घटना हैं और यह क्यों होता हैं इसके लिए कई सिध्धांत हैं। पूरी दुनिया में 90% लोग Déjà vu को महसूस करते हैं। यह 8 से 9 साल की उम्र वालों यानि की छोटे बच्चो को यह महसूस नहीं होता। इन सब में से जिन की आयु 15 से 25 साल के बीच की हैं उनको यह अनुभूति सब से ज्यादा होती हैं। इस लिए यह इंसानी दिमाग से जुडी हुई चीज हैं। मिर्गी के रोगियों में यह चीज़ ज्यादा देखने में मिलती हैं। ज्यादातर लोग अक्सर Déjà vu को भविष्य से सम्बंधित चीज़ मानते हैं। उनका कहना हैं की Déjà vu के जरिए भविष्य में आगे क्या होने वाला हैं इसमें बारे में हम समज सकते हैं।
 
वैज्ञानिक मानते हैं की Déjà vu हमारे दिमाग में स्टोर हुई स्मृतियों का नतीजा हैं। Déjà vu के वक्त हम जिस जगह पर होते उस वक्त हमारा दिमाग उस वक्त हमारे आसपास दिख रही और घटित हो रही सभी चीजों के अनुरूप स्मृतियों को प्रकाशित कर देता हैं। यह सब स्मृतियाँ अलग अलग जगह से प्राप्त हुई होती हैं और हमारे दिमाग में अलग अलग जगह पर स्टोर हुई होती हैं। तभी अचानक की इन पुरानी स्टोर की हुई तमाम स्मृतियों से युक्त चित्र हम देखते हैं। तब हमें उस जगह पर दिखी हुई हर चीज़ पहले कही दिखी हुई लगती हैं।
 
 
What is Deja Vu
 
 
कुछ लोग यह मानते हैं की Déjà vu अतीत में या पिछले जन्म में हुई कुछ घटनाओं का नतीजा हैं। जो हमें इस जन्म में महसूस हो रही हैं। कुछ लोग इसे भगवान से सम्बंधित अनुभव मानते हैं। उनका मानना हैं की भगवान कुछ घटनाओं का उनके घटित होने से पहले ही खुलासा कर रहे हैं। लेकिन आज तक Déjà vu क्यों महसूस होता हैं इसके बारे में कोई सटीक कारण प्राप्त नहीं हुआ हैं।
 
मनो वैज्ञानिको का मानना हैं की Déjà vu जैसे अनुभव से डरने की जरूरत नहीं हैं। यह एक आम घटना हैं जो ज्यादातर लोगो को महसूस होती हैं। वैज्ञानिक अभी भी इस पर खोज कर रहे हैं और इसका पक्का कारण ढूंढ रहे हैं। वह पता लगा रहे हैं की दिमाग में ऐसी कौन सी प्रोसेस होती हैं जिसे Déjà vu घटित होता हैं। उनका मानना हैं की वे आनेवाले कुछ ही सालों में इसका ठोस कारण ढूंढ लेंगे। इस लिए अगर आप को भी Déjà vu महसूस होता हैं तो यह मत सोचिये की आप अकेले ही इसे महसूस करते हैं।
अगर आप Déjà vu के विषय मैं ज्यादा जानकारी चाहते हैं की तो निचे दिए गए वीडियो को देखना मत भूलिए। यह वीडियो अंग्रेजी भाषा में उपलब्ध हैं। तो अगर आप अंग्रेजी अच्छी तरह से जानते हैं तो आपके लिए यह विडियो काफी मददगार साबित हो सकता हैं। 
 

 

READ  ठंड जैसी कोई चीज़ नहीं होती There is no Such Thing as Cold
 

 

अगर  आपको  यह  पोस्ट अच्छा  लगा  हो  तो  कमेंट्स  के  द्वारा  अपनी  राय  अवश्य  दीजिएगा । 

 

 
(Visited 80 times, 1 visits today)

5 Comments

  1. cpmishra

    Han bhai nischit roop se tumhare sare post sarahniya hain .balki usse kahi badh ke hain. Tumne aisi aisi bate batai hain jo jankari bahot uniqe hai aur kahi prapt hona mushkil hai….deja vu ..sahi hai…Maine use kai bar mahssos kiya hai..aur mujhe bilkul ummed nahi thi ki ye anubhav aur logo ko bhi ho sakta hoga

    Reply
  2. cpmishra

    Han bhai nischit roop se tumhare sare post sarahniya hain .balki usse kahi badh ke hain. Tumne aisi aisi bate batai hain jo jankari bahot uniqe hai aur kahi prapt hona mushkil hai….deja vu ..sahi hai…Maine use kai bar mahssos kiya hai..aur mujhe bilkul ummed nahi thi ki ye anubhav aur logo ko bhi ho sakta hoga…..thanks……mere aur dosto ko bhi ye tumhara blog bahot accha laga….thanks bro..ummed hai ki name air bhi jankariyan jald prapt hongi..

    Reply
  3. ankush

    Yes ye Deja vu mujhe kai baar hua hai.. Mano ki WO sab baatein humne isi jagah pe unhi same dosto k bich ki hai..mujhe ye b malum hota tha ki aage kon c line khi jayegi… Its very very strange….but humein aaj b iska koi solid proof nhi mila

    Reply
  4. Sibabrata Mallick

    Esa hota h kai bar hua h…

    Reply
  5. Dinesh joya

    jyada to nahi magar 3…. 4 baar mughe bhi yah mahshoosh huaa tha magar di gae jaankari se abhi koi darne ki baat nahi hai……..so thanks

    Reply

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

'
Shares